खलील जिब्रान विश्व के महान दार्शनिक,लेखक, चित्रकार और कवि हैं| उनकी रचनायें सारी दुनिया के लोगों के लिए एक अमूल्य धरोहर है|अंधविश्वासों और आडम्बरों के सख्त विरोधी खलील जिब्रान एक महान विचारक थे|इस ब्लॉग के ज़रिये मेरी एक छोटी सी कोशिश की मैं उनके अमूल्य विचारों को सरल भाषा में लोगों के सामने रख सकूँ ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग उनको पढ़ और समझ सकें|
नवंबर 21, 2011
नवंबर 14, 2011
भला और बुरा
बुराई उस यातना के सिवा क्या है ? जो सज्जनता की अपनी ही भूख और अपनी ही प्यास उसे दिया करती है |
तुम भले हो यदि अपनी आत्मा के साथ एकाकार हो जाओ |
तुम भले हो यदि तुम आत्मदान करने की कोशिश करते हो |
तुम भले हो यदि अपने वचनों में पूरी तरह जागरूक हो |
तुम भले हो यदि तुम अपने लक्ष्य की ओर द्रढ़ता और साहस के साथ क़दम बड़ा रहे हो |
- खलील जिब्रान
अक्टूबर 29, 2011
सुख और दुःख
तुम्हारा सुख तुम्हारे दुःख का ही बेनकाब चेहरा है | दुःख जितनी गहराई तक तुम्हारे मन को तराशेगा, उतना ही सुख उसमे समा सकेगा | खुशियों के पलों में अपने दिल कि गहराइयों में झाँकों और तुम पाओगे कि जिस कारण ने तुम्हे दुःख पहुँचाया था, वही इस वक़्त तुम्हे सुख पहुँचा रहा है और शोक के पलों में फिर से अपने दिल में झाँकों और तुम पाओगे कि वास्तव में तुम उसी चीज़ के लिए रो रहे हो, जो कभी तुम्हारी ख़ुशी कि वजह रही है |
अक्टूबर 14, 2011
अक्टूबर 01, 2011
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